द्वारिकेश शुगर के शेयरों में आज (बुधवार) 6 फीसदी से ज्यादा की तेजी है और कंपनी के शेयरों ने पिछले एक महीने में 45 फीसदी के करीब रिटर्न दिया है।

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वहीं, उगर शुगर वर्क्स के शेयरों में बुधवार को करीब 4 फीसदी की तेजी आई है और पिछले 1 महीने में शुगर कंपनी के शेयर करीब 70 फीसदी चढ़े हैं।

त्रिवेणी इंजीनियरिंग और डालमिया भारत शुगर एंड इंडस्ट्रीज के शेयरों में पिछले 1 महीने में क्रमशः 23 फीसदी और 27 फीसदी की तेजी आई है।

स्टॉक मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, कमोडिटी की बढ़ती कीमतों और सरकार की एथनॉल ब्लेंडिंग पॉलिसी के कारण शुगर स्टॉक्स में तेज उछाल आ रहा है।

उनका कहना है कि क्रूड ऑयल और दूसरी कमोडिटी की बढ़ती कीमतों के कारण सरकार डीजल और पेट्रोल में एथनॉल ब्लेंडिंग बढ़ाने पर फोकस कर रही है।

डीजल और पेट्रोल में मौजूदा एथनॉल ब्लेंडिंग 7-8 फीसदी है, जिसे बढ़ाकर करीब 20 फीसदी करने का विचार है।

हालांकि, एथनॉल की घरेलू सप्लाई इस मांग को पूरा नहीं कर पाएगी। ऐसे में इन दिनों शुगर मिलों का एथनॉल ब्लेंडिंग बिजनेस बढ़ रहा है।

इसके अलावा, कमोडिटी की बढ़ती कीमतों से शुगर प्राइसेज में भी उछाल आया है। ऐसे में शुगर कंपनियों को मौजूदा मार्केट स्ट्रक्चर का दोहरा फायदा हो रहा है।

SMC ग्लोबल सिक्योरिटीज में वाइस प्रेसिडेंट (रिसर्च) सौरभ जैन का कहना है, 'क्रूड ऑयल की बढ़ती हुई कीमतों से निपटने के लिए केंद्र सरकार ने एथनॉल ब्लेंडिंग पॉलिसी की घोषणा की है।